June 25, 2017

बालीवुड़ की रहस्यमय मौते

बालीवुड एक ऐसी चकाचौंध से भरी दुनिया जहा हजारो लोग अपनी किस्मत चमकाने पहुचते है परन्तु इस मनोरंजन की दुनिया की चकाचौंध के पीछे एक ऐसी अनजानी ओर कड़वी सच्चाई है जिससे  शायद बहुत कम लोग ही वाकिफ है । बड़े बड़े बगंलो ओर गगगनचुंबी इमारतो मे रहने वाले इन सितारो की जिन्दगी मे कितना अकेलापन होता है उसकी हम ओर आप कल्पना भी नही कर सकते । बालीवुड़ को हिन्दुस्तान का सबसे अनमोल रत्न माना जाता है ,यह एक ऐसी दुनिया है जिसने हमे भारतीय सिनेमा के दिव्य चरित्र दिए है ओर जहा कलाकारो को अपने जीवन से भी बड़ी भूमिका निभाते देखा गया है ,कहते है कामयाबी ओर नाकामयाबी सिक्के के दो पहलू है जब इंसान कामयाब होता है तो दुनिया उसके पीछे होती है लेकिन जब वह नाकामयाब होता है तो उसका अपना साया भी उसका साथ छोड़ देता है। आइए जानते है बालीवुड के ऐसी पाच शीर्ष हस्तियो के बारे मे जिन्होंने अपने बुरे वक्त के आगे घुटने टेकते हुए मौत को गले लगाया।

1)जिया खान-जिया के फ़िल्मी करियर की शुरुआत अमिताभ बच्चन के साथ  ‘निःशब्द’ फिल्म से हुई थी।अमिताभ बच्चन जैसे सदी के महानायक के साथ कैरियर की शुरुआत करना हर नए कलाकार का सपना होता है, क्योकि कहा जाता अमिताभ बच्चन अपने आप मे एक फिल्म इंडस्ट्री है! हालाकि इस फिल्म को उतनी सफलता हासिल नहीं हुई थी । इस फिल्म के बाद आमिर खान के साथ  ‘गजनी’ और अक्षय कुमार ओर रितेश देशमुख जैसे सितारो के साथ  ‘हाउसफुल’ जैसी बड़ी फिल्मों में नज़र आई थी । जब जिया की मृत्यु हुई, वह महज 25 साल की थी। 3 जून 2013 को देर रात उनका शरीर जुहू स्थित घर से बरामद हुआ था। माना जाता है कि जिया ने आत्महत्या कर ली थी। लोगो का मानना है कि अपने अभिनय कैरियर को लेकर असंतुष्टि जिया की  आत्महत्या करने की मुख्य  वजह थी।

2)दिव्या भारती – अपनी खूबसूरती से लाखो दिलो पर राज करने वाली अभिनेत्री दिव्या भारती का अंत ऐसा होगा जिसकी किसी ने कल्पना भी नही की थी वह एक ऐसी अनोखी अदाकारा थी जिन्होंने फिल्म जगत में अद्भुत अभिनय कौशल के ज़रिए अपना लोहा मनवाया था ।उनके फ़िल्मी सफर की शुरुआत केवल  13 साल की उम्र में ही हो गई थी। दिव्या भारती तब महज़ 19 साल की थीं, जब दुर्भाग्य से  उनकी मौत अपने घर की पांच मंज़िला इमारत से नीचे गिरकर हुई थीं। यह दुर्घटना आज तक पहेली बनी हुई है,कि वह गिरी या उन्हे गिराया गया था।

3)गुरु दत्त -एक ऐसा अभिनेता जिसके अभिनय को आज भी याद किया जाता है वह अपने समय के बेहतरीन अभिनेता, निर्देशक और निर्माता थे। उनका असली नाम वसंथ कुमार शिवशंकर पादुकोण था। उन्होंने फिल्म जगत को कई शानदार फिल्में दी थी । लेकिन इस महान अदाकार  ने महज़ 39 साल की उम्र मे दुनिया को अलविदा कह दिया था । वह मुंबई स्थित अपने घर में मृत पाए गए थे। लोगों का कहना है कि उन्होंने नींद की गोलियां लेकर आत्महत्या की थी। कहा यह भी जाता है कि जिस रात गुरुदत्त की मौत हुई थी, उस रात उन्होंने जमकर शराब पी थी।

4)सिल्क स्मिता -सिल्क स्मिता का असली नाम विजयलक्ष्मी वदलपति था। स्मिता दक्षिण भारतीय फिल्म जगत का मशहूर चेहरा थीं। बड़े पर्दे पर उनके प्रभावी किरदारों ने उन्हें लोगों के बीच एक ख़ास पहचान भी दिलाई। ओर अअचानक से मिली सफलता से वह रातोरात स्टार बन गई थी लेकिन अचानक से आई पैसों की तंगी, संबंधों में दरार,के कारण उनका डिप्रेशन मे जाना  उनकी मौत की मुख्य  वजह माना जाता है। महज़ 36 साल की बहुत कम उम्र मे अपने ही घर मे पंखे से लटककर उन्होने आत्महत्या कर ली थी। उनकी मौत की खबर ने दक्षीण भारतीय फिल्म इंडस्ट्री को हिलाकर रख दिया था।

5)मीना कुमारी -मीना कुमारी एक ऐसा नाम जिन्हे संजीदा अभिनेत्रियो की सूची मे सबसे ऊपर शुमार किया जाता है उन्हे फिल्म जगत मे ‘ट्रेजडी क्वीन’ भी कहा जाता है। उनके  अभिनय की एक अलग ही छाप थी। उनके द्वारा निभाए गए  त्रासदीपूर्ण कठिन किरदारों के लिए ख़ास तौर पर जाना जाता है । उनके द्वारा निभाए  किरदारो को देखकर आँखें नम हो जाती है । वह महज़ 39 वर्ष की थीं, जब उनका निधन हुआ।शराब की लत उनकी मृत्यु की मुख्य वजह थी।

इन सभी हस्तियो का अंत देखकर एक गुमनाम शायर की चन्द पंक्तिया याद आती है कि -“चल रहे हो तुम तो बताने की जरूरत नही ,ओर रूक गए जिस दिन तो पूछेगा कोई नही “। जिन्दगी मे हमेशा याद रखे कि सुख के पीछे दुख ओर दुख के पीछे सुख होता है यदि आप सफल होने पर ज्यादा उड़े नही ओर विफल होने पर धैर्य रखे, तभी आप इस जिन्दगी के रंगमंच पर अपने किरदार को बखूबी निभा पाएंगे।

Picture Credit: Indian Express


 Disclaimer

About Sameer Chaudhary 6 Articles
MBA in HR. I worked for 3 yrs in financial Industry and finally decided to follow my dream which is writing. My passion is writing, exploring the world and to get different experiences by meeting people. My philosophy about life is that " You are the only master of life. So you decide what you want to do don't compel other to decide." Life is to live.....